ब्रिटेन के इंपीरियल कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग ने परास्नातक करने वाले भारतीय छात्रों के लिए एक नए छात्रवृत्ति कार्यक्रम की घोषणा की है। कॉलेज ने बताया कि स्कॉलरशिप प्रोग्राम को फ्यूचर लीडर्स स्कॉलरशिप का नाम दिया गया है। इस कार्यक्रम के तहत, कॉलेज अगले 3 वर्षों में 30 छात्रों को छात्रवृत्ति प्रदान करेगा, जिसमें से आधी छात्रवृत्ति महिला विद्वानों के लिए आरक्षित होगी।

यूनाइटेड किंगडम ने यह घोषणा तब की जब केंद्रीय विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्री जितेंद्र सिंह वहां के शोधकर्ताओं से मिलने के लिए इंपीरियल कॉलेज पहुंचे। इस बीच, उन्होंने भारत और यूके के बीच संबंधों को और मजबूत करने के लिए कॉलेज का दौरा किया।

एमएससी करने वाले छात्रों को स्कॉलरशिप मिलेगी

यूनाइटेड किंगडम में इंपीरियल कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग, प्राकृतिक विज्ञान, चिकित्सा और बिजनेस स्कूलों के विभागों में एमएससी करने वाले छात्रों के लिए छात्रवृत्ति उपलब्ध होगी। इंपीरियल में वाइस-प्रोवोस्ट (टीचिंग एंड स्टूडेंट एक्सपीरियंस) प्रोफेसर पीटर हान्से ने स्कॉलरशिप प्रोग्राम के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि इंपीरियल कॉलेज के लिए भारत और ब्रिटेन के बीच दोतरफा रिश्ते को समर्थन देना प्राथमिकता है।

पीटर हेन्स ने कहा कि मुझे उम्मीद है कि हम भविष्य में भारत से और छात्रों का स्वागत करने में सक्षम होंगे। मुझे यह घोषणा करते हुए बहुत खुशी हो रही है कि इंपीरियल भारत के संभावित एसटीएम-बी स्कॉलर के लिए स्कॉलरशिप देने जा रहा है। इसके लिए 400,000 पाउंड (4 करोड़ 10 लाख) का निवेश किया जा रहा है।

महिला विद्वानों के लिए 50% आरक्षण

इंपीरियल कॉलेज ऑफ यूनाइटेड किंगडम अगले 3 वर्षों में योग्यता के आधार पर 30 छात्रों को छात्रवृत्ति प्रदान करेगा। इसके लिए आवेदन की अवधि अगले सेमेस्टर में शुरू होगी। इस प्रतिष्ठित फ्यूचर लीडर्स स्कॉलरशिप में कम से कम 50 प्रतिशत सीटें महिला विद्वानों के लिए आरक्षित होंगी। इंपीरियल कॉलेज के प्रोफेसर ने कहा कि यह भविष्य में यूके-भारत साझेदारी का समर्थन करेगा।