बजट 2022-23: आयुर्वेद को मिलेगा बढ़ावा, आयुष मंत्रालय को मिले 3,050 करोड़ रुपये

नई दिल्ली, 2 फरवरी | आयुष मंत्रालय को इस साल के बजट आवंटन में एक बड़ा बढ़ावा मिला है, क्योंकि मंत्रालय के लिए 3,050 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं। केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने मंगलवार को 2022-23 का बजट पेश किया।

मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि बजट आवंटन से आयुष को अपने अस्पतालों और औषधालयों के उन्नयन, औषधीय पौधों की खेती का समर्थन करने और औषधीय पौधों के मूल्य वर्धित वस्तुओं के निर्यात में वृद्धि सहित कई अन्य क्षेत्रों में मदद मिलेगी।

चैंपियन सेवा क्षेत्र योजना के लिए बजट आवंटन 29.6 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 60.22 करोड़ रुपये कर दिया गया है।

आयुर्वेद, योग और अन्य पारंपरिक भारतीय चिकित्सा पद्धति की ताकत को ध्यान में रखते हुए, भारत में ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन की स्थापना की जा रही है और केंद्र की स्थापना के लिए बजटीय प्रावधान किए गए हैं। मंत्रालय ने कहा कि भारत में डब्ल्यूएचओ (जीसीटीएम) की स्थापना भारत में पारंपरिक चिकित्सा क्षेत्र में निवेश को सीधे प्रभावित करेगी और ठोस प्रयासों से वैश्विक नेता के रूप में उभरने में मदद करेगी।

मंत्रालय ने कहा कि अनुसंधान परिषदों, उत्कृष्टता केंद्र और स्वायत्त निकायों को भी बजट में काफी बढ़ावा मिला, क्योंकि उन्हें 1,870.1 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे।