मौसम विभाग द्वारा मई के महीने में देश के कुछ राज्यों में भीषण गर्मी का अनुमान जताया गया है. भीषण गर्मी के कारण इस दौरान बिजली की मांग बढ़ेगी जिससे बिजली आपूर्ति नेटवर्क बाधित हो सकता है। इससे अर्थव्यवस्था को नुकसान होने की आशंका है। चिलचिलाती गर्मी लोगों की जान के लिए खतरा बन सकती है। देश के मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार मई में देश के पूर्व-मध्य और पूर्वी क्षेत्रों में तापमान सामान्य से अधिक रहेगा। नॉर्थ ईस्ट के कुछ इलाकों में तापमान ज्यादा रह सकता है।

मई में पूर्वी भारत में खतरनाक हीटवेव

मौसम विभाग के महानिदेशक महापात्र ने भविष्यवाणी की है कि मई में पूर्वी भारत में खतरनाक लू देखी जा सकती है। जिसका बुरा असर गर्मी की फसल पर पड़ेगा। पूर्वी भारत में तापमान 42 से 44 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ सकता है। पूर्वी और मध्य भारत और उत्तर पूर्व के कुछ हिस्सों में भी असहनीय गर्मी का अनुभव होगा। यदि अल नीनो के प्रभाव के कारण विभिन्न कृषि फसलों की उपज कम होती है, तो आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में भारी वृद्धि हो सकती है।

अल नीनो प्रभाव से अनियमित बारिश की संभावना भारत और कुछ एशियाई देशों में अल नीनो प्रभाव के कारण कई जगहों पर बारिश अनियमित रूप से हो सकती है. ऐसे में जहां बारिश कम होती है वहां सूखे का डर रहता है।